स्वामी विवेकानंद के 51+ अनमोल विचार | swami vivekananda quotes in hindi | swami vivekananda thoughts

 swami vivekananda quotes in hindi नमस्कार दोस्तों- स्वामी विवेकानंद जी का जन्म 12 जनवरी 1863 को हुआ था। इनका वास्तविक नाम नरेंद्र दत्त था। विवेकानंद  रामकृष्ण परमहंस के सुयोग्य शिष्य थे, 

इन्होंने 1893 में अमेरिका स्थित शिकागो में आयोजित विश्व धर्म महासभा में हमारे देश की तरफ से सनातन धर्म (हिंदू धर्म) का प्रतिनिधित्व किया था, जहां उन्होंने अपने भाषण की शुरुआत "मेरे अमेरिकी बहनों और भाइयों" कह कर किया जिसे आज भी लोग भूल नहीं पाए हैं 

और आज के इस पोस्ट में मैं आप लोगों के लिए स्वामी विवेकानंद के कुछ अनमोल और सर्वश्रेष्ठ सुविचार लेकर आया हूं, जिसे पढ़ने के बाद आप खुद को बहुत ज्यादा मोटिवेट महसूस करेंगे

 दोस्तों आज के समय में बेरोजगारी हमारे देश की एक गंभीर समस्या है, जिसके चलते हमारे देश के बहुत से युवाओं के मन में निराशा के भाव पनपने लगे हैं, इसलिए आज के समय में भी युवा पीढ़ी को विवेकानंद जी के अनमोल विचारों से सहायता मिल सकती है, और वह अपने जीवन में निराशा को दूर करके उत्साह और उमंग के साथ जीवन के पथ पर अग्रसर हो सकते हैं 

तो आइए पढ़ते हैं swami vivekananda thoughts | vivekananda quotes in hindi | swami vivekananda vichar in hindi

swami vivekananda quotes in hindi


swami vivekananda quotes in
  vivekananda quotes in hindi

अगर धन दूसरों की भलाई करने में मदद करे, 

तो इसका कुछ मूल्य है, अन्यथा, ये सिर्फ बुराई का एक ढेर है, 

और इससे जितना जल्दी छुटकारा मिल जाये उतना बेहतर है.

Agar Dhan dusron ki bhalai karne mein madad karen 

to iska Kuch mulya Hai, anyatha yah sirf Burai ka ek dher hai, 

aur isase Itna jaldi chhutkara mil jaaye utna behtar hai.



एक समय में एक काम करो, और ऐसा करते समय 

अपनी पूरी आत्मा उसमे डाल दो और बाकी सब कुछ भूल जाओ।

Ek Samay Mein Ek kam karo aur Aisa karte samay 

apni Puri Aatma usmen Dal Do Aur baki sab Kuchh bhul jao.



खुद को कमजोर समझना सबसे बड़ा पाप हैं।

Khud Ko kamjor samajhna sabse bada Paap hai.



उस व्यक्ति ने अमरत्व प्राप्त कर लिया है, 

जो किसी सांसारिक वस्तु से व्याकुल नहीं होता.

 use vyakti Ne Amratv prapt kar liya hai, 

jo Kisi sansarik Vastu se vyakul nahin Hota.



उठो मेरे शेरो, इस भ्रम को मिटा दो कि तुम निर्बल हो, 

तुम एक अमर आत्मा हो, स्वच्छंद जीव हो, धन्य हो, 

सनातन हो, तुम तत्व नहीं हो, ना ही शरीर हो, 

तत्व तुम्हारा सेवक है तुम तत्व के सेवक नहीं हो.

utho mere Sheron, is Braham ko Mita Do Ki Tum Nirbal ho, 

Tum ek Amar Atma Ho, Swakshand jeev Ho, 

Dhanya Ho, Sanatan Ho, Tum Tattv Nahin ho, na hi Sharir Ho, 

tattv Tumhara Sevak hai, tum tattv ke Sevak Nahin Ho.



बाहरी स्वभाव केवल अंदरूनी स्वभाव का बड़ा रूप हैं।

 Bahari swabhav Keval andruni swabhav ka Bada roop hai.



उठो, जागो और तब तक मत रुको जब तक

 लक्ष्य की प्राप्ति ना हो जाये।...

 utho Jago aur tab tak mat ruko jab tak 

Lakshya ki Prapti Na Ho Jaaye.



वेदान्त कोई पाप नहीं जानता, वो केवल त्रुटी जानता हैं,

और वेदान्त कहता है कि सबसे बड़ी त्रुटी यह कहना है कि

 तुम कमजोर हो, तुम पापी हो, एक तुच्छ प्राणी हो, और 

तुम्हारे पास कोई शक्ति नहीं है और तुम ये--वो नहीं कर सकते।

 Vedant Koi Paap Nahin Jaanta, vah Keval truti Jaanta hai,

 aur Vedant Kahta Hai Ki Sabse Badi truti yah Kahana hai

 ki tum kamjor Ho, Tum Papi Ho, Tum ek prani ho, 

aur tumhare pass koi sakti nahin hai, aur tum ye wo nahin kar sakte.



यदि आप मेरे पास आकर किसी और की बुराई करते है तो मुझे 

कोई संदेह नहीं की आप दुसरों के पास जाकर मेरी भी बुराई 

करते होंगे! 

Yadi Aap Mere Pass Aakar Kisi Aur Ki 

Burai Karte Hain To Mujhe 

Koi Sandeh Nahi Ki Aap Dusron Ke Pass 

Jaa Kar Meri Bhi Burai Karte Honge...

swami vivekananda quotes in hindi
 swami vivekananda thoughts


हर काम को तीन अवस्थाओं से गुज़रना होता है, 

उपहास, विरोध और स्वीकृति।

 Har kam ko teen avasthaon se GujarNa Hota Hai 

uphas, virodh, Aur swikriti




जो सत्य है. उसे साहसपूर्वक निर्भीक होकर लोगों से कहो, 

उससे किसी को कष्ट होता है या नहीं, इस ओर ध्यान मत दो। 

दुर्बलता को कभी प्रश्रय मत दो, सत्य की ज्योति ‘बुद्धिमान’ 

मनुष्यों के लिए यदि अत्यधिक मात्रा में प्रखर प्रतीत होती है, 

और उन्हें बहा ले जाती है, तो ले जाने दो; 

वे जितना शीघ्र बह जाएँ उतना अच्छा ही हैं।

 jo Satya hai use Sahas purvak nirbhik hokar Logon se kaho, 

usse Kisi Ko kasht hota hai ya nahin, is or mat Dhyan do, 

durbalta ko Kabhi Prasay mat do, Satya Ki Jyoti 

buddhiman manushya ke liye yadi Atyadhik Matra Mein 

Prakhar pratit hoti hai, aur unhen Baha Le Jaati Hai, 

To Le Jaane Do, wo Jitna Sighar bah jayen utna hi Achcha hai.



हमे ऐसी शिक्षा चाहिए जिससे चरित्र का निर्माण हो, 

मन की शक्ति बढ़े, बुद्धि का विकास हो और मनुष्य अपने पैर पर खड़ा हो सके।

 Hamen Aisi Shiksha chahiye jisse Charitra ka Nirman Ho, 

Man ki Shakti Bade, Buddhi ka Vikas ho, aur manushya apne Pairon per khada ho sake.



धर्म ही हमारे राष्ट्र की जीवन शक्ति है। 

यह शक्ति जब तक सुरक्षित है, तब तक विश्व की 

कोई भी शक्ति हमारे राष्ट्र को नष्ट नहीं कर सकती।

Dharm hi Hamare Rashtra ki jeevan Shakti Hai, 

yah Shakti jab tak surakshit tak jab tak Vishwa ki

 koi bhi Shakti Hamare Rashtra Ko nasht Nahin kar sakti.



पीड़ितों की सेवा के लिए आवश्यकता पड़ने पर हम अपने 

मठ की भूमि तक भी बेच देंगे, हजारों असहाय नर-नारी 

हमारे नेत्रों के सामने कष्ट भोगते रहें और हम मठ में रहें, 

यह असम्भव है। हम सन्यासी हैं,वृक्षों के नीचे निवास करेंगे 

और भिक्षा मांगकर जीवित रह लेंगे।

Pinditon Ki Seva ke liye avashyakta padhne per Ham

 Apne Math ki Bhumi Tak bhi bech Denge, 

hajaron Ashaay Nar Nari Hamare Nettro Ke Samne

 kasht bhogte Rahen aur ham math Mein Rahe yah Asambhav Hai, 

Ham Sanyasi Hain, vrikshon Ke Niche Nivas Karenge 

aur Bhiksha mang kar jeevit Raha Lenge.



कभी मत सोचिये कि आत्मा के लिए कुछ असंभव है. 

ऐसा सोचना सबसे बड़ा विधर्म है. अगर कोई पाप है, 

तो वो यही है; ये कहना कि तुम निर्बल हो या अन्य निर्बल हैं.

 Kabhi mat Sochiye ki Atma ke liye Kuchh Asambhav hai, 

aisa Sochna sabse bada vidhram hai, agar koi Paap Hai 

To vo Yahi Hai, yah Kahana ki tum nirbal ho ya Anya nirbal hain



चिंतन करो, चिंता नहीं, नए विचारों को जन्म दो।

 Chintan karo Chinta Nahin naye vicharon ko Janm do.


किसी दिन, जब आपके सामने कोई समस्या ना आये  

आप सुनिश्चित हो सकते हैं कि आप गलत मार्ग पर चल रहे हैं।

 kisi din jab aapke Samne Koi samasya Na Aaye 

aap sunishchit ho sakte hain ki aap galat Marg per chal rahe hain



जो अग्नि हमें गर्मी देती है, हमें नष्ट भी कर सकती है, 

यह अग्नि का दोष नहीं हैं।

 Jo agni Hamen Garmi Deti Hai, hamen nasht bhi kar sakti hai 

yah Agni ka dost Nahin Hai...



किसी की निंदा ना करें, अगर आप मदद के लिए हाथ बढ़ा सकते हैं, 

तो ज़रुर बढाएं. अगर नहीं बढ़ा सकते, तो अपने हाथ जोड़िये, 

अपने भाइयों को आशीर्वाद दीजिये, और उन्हें उनके मार्ग पे जाने दीजिये.

 Kisi Ki Ninda na Karen, agar aap madad ke liye Hath Badha sakte hain 

to Jarur badhaen, Agar Nahin Badha Sakte To Apne Hath Jodiye

 Apne bhaiyon ko Aashirwad dijiye aur unhen unke Marg per Jaane dijiye


ALSO READ : पढ़े निराशा में साहस देने वाली बेहतरीन शायरी, josh shayari

vivekananda quotes
swami vivekananda quotes in hindi


दिल और दिमाग के टकराव में दिल की सुनो।

 Dil aur dimag Ke takrav Main Dil Ki Suno.



हम वो हैं जो हमें हमारी सोच ने बनाया है, 

इसलिए इस बात का धयान रखिये कि आप क्या सोचते हैं. 

शब्द गौण हैं. विचार रहते हैं, वे दूर तक यात्रा करते हैं.

 Ham vo hai jo Hamen Hamari soch ne banaya hai 

isliye is Baat Ka Dhyan rakhiye ki aap kya sochte hain,

Shabd God Hain, vichar Rahte Hain, ve Dur Tak Yatra Karte Hain.



जो कुछ भी तुमको कमजोर बनाता है ,

शारीरिक, बौद्धिक या मानसिक उसे जहर की तरह त्याग दो।



ब्रह्माण्ड की सारी शक्तियां पहले से हमारी हैं. वो हमीं हैं 

जो अपनी आँखों पर हाँथ रख लेते हैं और फिर रोते हैं 

कि कितना अन्धकार है!

 bramhand ki sari shaktiyan Pahle Se Hamari Hai 

vah Ham hi hain jo apni Aankhon per haath rakh Lete hai

aur Fir rote hai ki Kitna Andhera hai



जब लोग तुम्हे गाली दें तो तुम उन्हें आशीर्वाद दो, 

सोचो, तुम्हारे झूठे दंभ को बाहर निकालकर वो 

तुम्हारी कितनी मदद कर रहे हैं।

 Jab log Tumhen Gali De to tum unhe Aashirwad do, 

Socho, Tumhare Jhuthe Dambh ko bahar nikal kar vo

 Tumhari Kitni madad kar rahe hain.



हम जो बोते हैं वो काटते हैं- हम स्वयं अपने भाग्य के निर्माता हैं।

 Ham Jo bote Hain Vahi Kat te Hain, 

Ham Swayam Apne Bhagya ke Nirmata hai.



जैसा तुम सोचते हो, वैसे ही बन जाओगे, 

खुद को निर्बल मानोगे तो निर्बल और 

सबल मानोगे तो सबल ही बन जाओगे।

 jaisa tum sochte ho vaise hi Ban jaaoge, 

Khud Ko Nirbal manoge to Nirbal aur 

Sabal manoge to Sabal hi ban jaaoge.



एक विचार लो। उस विचार को अपना जीवन बना लो . 

उसके बारे में सोचो उसके सपने देखो, उस विचार को जियो, अपने मस्तिष्क, 

मांसपेशियों, नसों, शरीर के हर हिस्से को 

उस विचार में डूब जाने दो, और बाकी सभी विचार को किनारे रख दो.

यही सफल होने का तरीका हैं।

 Ek vichar lo, us vichar ko Apna Jivan banaa Lo 

Uske bare mein Socho Uske Sapne Dekho, Dekho use vichar ko Jiyo, 

Apne Mastishk, manspeshiyon, naso, Sharif ke har hisse ko us vichar Mein Doob Jaane Do, Aur Baki sabhi vicharon ko

 Kinare rakh do, Yahi Safal hone Ka Tarika hai.



एक शब्द में, यह आदर्श है कि तुम परमात्मा हो.

 Ek Shabd Mein, yah Aadarsh hai ki tum Parmatma Ho.


ALSO READ : चाणक्य की इन बातों पर अमल करें कभी भी असफल नहीं होंगे | chanakya quotes in hindi

swami vivekananda vichar
swami vivekananda vichar in hindi 


विश्व एक व्यायामशाला है जहाँ हम खुद को

 मजबूत बनाने के लिए आते हैं...

 Vishva ek vyayamshala Hai 

Jahan Ham Khud Ko majbut Banane ke liye Aate Hai.



किसी मकसद के लिए खड़े हो तो एक पेड़ की तरह, 

गिरो तो एक बीज की तरह, ताकि दुबारा उगकर 

उसी मकसद के लिए फिर से जंग कर सको.

 Kisi maksad Ke Liye khade ho to Ek ped ki tarah, 

Giro to Ek beej Ki Tarah, Taki Dobara Ugkar 

fir usi maksad ke liye fir se jang kar Sako.



स्वयं में बहुत सी कमियों के बावजूद

अगर मैं स्वयं से प्रेम कर सकता हूँ

तो फिर दूसरों में थोड़ी बहुत कमियों की

वजह से उनसे घृणा कैसे कर सकता हूँ

swyam  Mein Bahut Si Kamiyon Ke Bad

Agar Mein Apne Aap Se Prem Kar Sakta Hun,

To Phir Dusron Main Thodi Bahut Kamiyo Ki

Wajah Se Unse Ghrina Kaise Kar Sakta Hun



सच्ची सफलता और आनंद का सबसे बड़ा रहस्य यह है,

 वह पुरुष या स्त्री जो बदले में कुछ नहीं मांगता, 

पूर्ण रूप से निःस्वार्थ व्यक्ति, सबसे सफल हैं।

Sacchi safalta aur Anand ka sabse bada Rahasya Yah hai, 

vah Purush ya Stree Jo Badle Mein Kuchh Nahin mangta, 

purn Roop se niswarth vyakti sabse Safal hai.



जिस तरह से विभिन्न स्रोतों से उत्पन्न धाराएँ 

अपना जल समुद्र में मिला देती हैं, 

उसी प्रकार मनुष्य द्वारा चुना हर मार्ग, 

चाहे अच्छा हो या बुरा भगवान तक जाता है.

Jis Tarah Se vibhinn strotten Se utpann Dharayen 

Apna Jal Samudra Mein Mila Deti Hai 

Usi Prakar manushya dwara Chuna Har Marg 

chahe Achcha ho ya Bura Bhagwan Tak jata hai.



शक्ति जीवन है, निर्बलता मृत्यु हैं, 

विस्तार जीवन है, संकुचन मृत्यु हैं, 

प्रेम जीवन है, द्वेष मृत्यु हैं।

 Shakti Jivan hai, nirbalta mrutyu hai, 

 vistar Jivan hai, sankuchan mrutyu hai, 

Prem Jivan Hai, Dwesh mrutyu Hai.



क्या तुम नहीं अनुभव करते कि दूसरों के ऊपर निर्भर रहना बुद्धिमानी नहीं हैं, 

बुद्धिमान् व्यक्ति को अपने ही पैरों पर दृढता पूर्वक खड़ा होकर कार्य करना चहिए, 

धीरे-धीरे सब कुछ ठीक हो जाएगा।

 kya tum Anubhav Nahin Karte ki dusron ke upar nirbhar Rahana 

budhimani Nahin Hai, buddhiman vyakti ko Apne Pairon Per 

Dridta purvak Khada hokar Karya karna chahie, 

Dhire Dhire Sab Kuchh theek ho jaega.



यह देश धर्म, दर्शन और प्रेम की जन्मभूमि है, 

ये सब चीजें अभी भी भारत में विद्यमान है। 

मुझे इस दुनिया की जो जानकारी है, 

उसके बल पर दृढतापूर्वक कह सकता हूं 

कि इन बातों में भारत अन्य देशों की अपेक्षा अब भी श्रेष्ठ है।

 yah Desh Dharm, Darshan aur Prem ki Janm Bhumi Hai 

yah sab chijen abhi bhi Bharat mein viddman Hai, 

Mujhe Is Duniya Ki Jo Jankari Hai 

Uske bal par Drinta purvak Keh sakta hun ki 

in Baton Mein Bharat Anya deshon ki Apeksha ab bhi shreshth hai.



वह नास्तिक है, जो अपने आप में विश्वास नहीं रखता।

vah Nastik hai jo apne aap Mein Vishwas Nahin Rakhta.



यदि परिस्थितियों पर आपकी मजबूत पकड़ है, 

तो जहर उगलने वाला भी आपका कुछ नही बिगाड़ सकता।

 yadi paristhitiyon per aapki majbut pakad hai ,

To Jahar Ugalne Wala Bhi aapka Kuchh Nahin bigaad Sakta.



swami vivekananda quotes in hindi with images
swami vivekananda quotes in hindi with images


जब तक आप खुद पे विश्वास नहीं करते तब तक 

आप भागवान पे विश्वास नहीं कर सकते.

Jab tak aap khud per Vishwas Nahin Karte tab tak 

aap Bhagwan par Vishwas nahin kar sakte.



हम भगवान को खोजने कहां जा सकते हैं अगर उनको 

अपने दिल और हर एक जीवित प्राणी में नहीं देख सकते।

 Ham Bhagwan ko khojne kahan ja sakte hain Agar unko 

Apne Dil aur Har EK jeevit prani Mein Nahin dekh Sakte.



मुझे गर्व है कि मैं एक ऐसे धर्म से हूं, जिसने दुनिया को 

सहनशीलता और सार्वभौमिक स्वीकृति का पाठ पढ़ाया है। 

हम सिर्फ सार्वभौमिक सहनशीलता में ही विश्वास नहीं रखते, 

बल्कि हम विश्व के सभी धर्मों को सत्य के रूप में स्वीकार करते 

हैं।

 Mujhe Garv Hai Ki Main Ek Aise Dharm se hun, 

Jisne Duniya Ko sahanshilta aur sarvbhaomik swikriti ka

 paath Padhaya Hai, Ham sirf sarvabhaumik sahanshilta mein

hi Vishwas nahi Rakhte balki Ham Vishva ke sabhi dharmon

 ko Satya ke roop Mein swikar Karte Hain.


संभव की सीमा जानने का एक ही तरीका है, 

असंभव से भी आगे निकल जाना।

 Sambhav ki Seema Janne ka ek hi Tarika Hai 

Asambhav se bhi Aage nikal Jana.



अनुभव कहता है कि खामोशियां ही बेहतर है 

शब्दों से लोग रूठते बहुत हैं।

 Anubhav Kahta Hai Ki Khamoshiyan hi behtar hai 

shabdon se log Ruthte bahut hain.



जब तक जीना, तब तक सीखना यानी 

अनुभव ही जगत में सर्वश्रोष्ठ शिक्षक है 

Jab Tak Jeena, Tab Tak Sikhna. 

Yani Anubhav He Jagat Main Sarvshrest Shikshak Hai...



सभी शक्तियां आपके अंदर है, 

आप कुछ भी और सब कुछ कर सकते है.

Sabhi Shaktiya Aapke Ander Hai, 

Aap Kuch Bhi Aur Sab Kuch Kar Sakte Hai



प्रेम विस्तार है, स्वार्थ संकुचन है। 

इसलिए प्रेम जीवन का सिद्धांत है। वह जो प्रेम करता है जीता है। 

वह जो स्वार्थी है मर रहा है। इसलिए प्रेम के लिए प्रेम करो, 

क्योंकि जीने का यही एक मात्र सिद्धांत है। 

वैसे ही जैसे कि तुम जीने के लिए सांस लेते हो।

 Prem vistar hai, swarth sankuchan hai 

isliye Prem Jivan ka Siddhant hai, vah jo Prem karta hai 

jeeta hai, vah jo Swarthi Hai mar raha hai, isliye Prem Ke

 Liye Prem Karo, Kyunki Jeene Ka Yahi ek matra Siddhant Hai vaise hi jaise ki tum Jeene Ke liye Sans lete ho



शिक्षा का अर्थ है उस पूर्णता को व्यक्त करना 

जो सब मनुष्यों में पहले से विद्यमान है।

 Shiksha ka Arth hai us Purnta ko vyakt karna 

jo Sab manushyao Mein pahle se vidman hai...



ALSO READ : attitude status in hindi चुंनिंदा एटीट्यूड शायरी स्टेटस


दोस्तों- आज के इस पोस्ट में हमने स्वामी विवेकानंद के कुछ अनमोल विचार पढ़ें 
दोस्तों पूरी दुनिया में भारत और सनातन धर्म की प्रतिष्ठा स्थापित करने वाले स्वामी विवेकानंद जी एक धार्मिक और आध्यात्मिक व्यक्तित्व का होने के बावजूद भी

ये आज के समय में भी युवा पीढ़ी के बीच काफी लोकप्रिय हैं, स्वामी विवेकानंद जी ने ऐसे बहुत से प्रासंगिक उपदेश दिए हैं, जिससे युवा पीढ़ी आज भी प्रेरणा लेती है 

तो दोस्तों अगर आपको आज का यह पोस्ट पसंद आया हो तो इसे अपने दोस्तों के साथ भी शेयर करें और अगर आप मोटिवेशनल कोट्स अनमोल विचार और हिंदी शायरी से संबंधित वीडियो पसंद करते हैं तो हमारे यूट्यूब चैनल को जरूर सब्सक्राइब करें ~धन्यवाद ~जय हिंद ~वंदे मातरम~

हमारा YouTube चैनल सब्सक्राइब करने के लिए यहाँ क्लिक करें

Post a Comment

0 Comments